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कोशिश करने वालों की कभी हार नहीं होती

इस हफ्ते की शुरुआत भी अच्छी नहीं रही। पूर्व राष्ट्रपति श्री प्रणब मुखर्जी जो कि राजनीति के गलियारों में प्रणब दा के नाम से जाने जाते थे, इस संसार को अलविदा कह गए। दशकों तक देश को अपनी सेवा देने वाले प्रणब मुखर्जी बहुमुखी प्रतिभा के मालिक थे. उनका शुरुआती जीवन संघर्ष भरा था। पढ़ने के लिए कई किमी चलना पड़ता था और नदी पार करनी पड़ती थी। एक क्लर्क से जिंदगी की शुरुआती की, फिर प्रोफेसर बने, पत्रकार भी रहे और फिर राजनीति में आये। राजनीति में आने के बाद उन्होंने लम्बा सफर तय किया एवं कई महत्वपूर्ण पदों को सुशोभित किया. उन्होंने रक्षा, वाणिज्य, विदेश और वित्त जैसे बड़े मंत्रालयों को संभाला. प्रधानमंत्री बनते बनते रह गए, राष्ट्रपति बने। भारत रत्न से सम्मानित किये गए। वो सर्वप्रिय थे। अटल जी और सोमनाथ चटर्जी की तरह उनके भी सभी पार्टियों के नेताओं के साथ मधुर सम्बन्ध थे। सभी दलों के नेता उनका सम्मान करते थे। उन्हें कांग्रेस पार्टी का संकट मोचक कहा जाता था। आज प्रणब दा हमारे बीच नहीं रहे लेकिन वो बरसों तक लोगों के दिलों में रहेंगे।
रांची की रहने वाली अनन्या नाम की एक लड़की जो कि बीएचयू में कानून की पढाई कर रही है, मुगलसराय स्टेशन से अपने घर रांची जाने के लिए नई दिल्ली-रांची स्पेशल राजधानी एक्सप्रेस में चढ़ी। रास्ते में लातेहार जिला स्थित टोरी में टाना भगतों के रेलवे ट्रैक पर चल रहे आंदोलन की वजह से यात्रियों कि हिफाज़त के लिए डालटनगंज में ट्रेन रोक दी गई। पहले तो रेलवे अधिकारियों ने सोचा कि आंदोलन खत्म हो जाएगा और ट्रेन रांची पहुंचा दी जाएगी। लेकिन जब आंदोलन खत्म नहीं हुआ तो उन्होंने यात्रियों को बसों से रांची भेजने का प्रबंध कर दिया। उनके अनुरोध पर 930 यात्रियों में से 929 यात्री बस से चले गए, लेकिन अनन्या अड़ गई और बोली कि जब टिकट राजधानी एक्सप्रेस का है तो जाऊंगी भी राजधानी एक्सप्रेस से ही। यदि बस से जाना होता तो ट्रेन का टिकट क्यों लेती। रेलवे अधिकारी भी परेशान हो गए। रेलवे अधिकारियों ने उनसे यह भी कहा कि वे उनके रांची जाने के लिए कार की व्यवस्था कर देते हैं । कुछ यात्रियों ने भी उनसे अनुरोध किया कि वो जिद छोड़ कर बस में उनके साथ चले लेकिन वो तब भी नहीं मानी। हार कर अधिकारीयों ने ट्रेन चलवा दी। मगर ट्रेन को दूसरे रास्ते से रांची के लिए रवाना किया गया और इस तरह लड़की अपने घर पहुंची। इस खबर के दो पहलू हैं। एक तो रेलवे को बात बढ़ने से पहले ही दूसरे रास्ते से गाडी भेज देनी चाहिए थी , ताकि बाकि 929 यात्रयों को भी फायदा मिलता। लड़की एक हद तक ठीक है कि वो अपने हक़ के लिए लड़ी। लेकिन दूसरा पहलू यह है कि ट्रेन रेलवे कि गलती से तो रुकी नहीं थी बल्कि आन्दोलनकारियों से यात्रियों की हिफाज़त के लिए ही रोकी गई। ऐसे में लड़की को एक हद से ज्यादा जिद नहीं करनी चाहिए थी। ऐसी जिद भविष्य में उन्हें परेशान भी कर सकती है। युवाओं को अपनी ऊर्जा का प्रयोग सकारात्मक कामों में ही करना चाहिए।

ऐसे युवा भी हैं जो अपनी ऊर्जा का सकारात्मक कार्यों में प्रयोग में ला रहे हैं। ऐसा ही कुछ किया छिंदवाड़ा के अंकित नागवंशी नामक एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर ने, जिन्होंने अच्छी भली नौकरी छोड़ कर चाय का ठेला लगाना शुरू कर दिया है और उस पर लिखा है ‘इंजीनियर चायवाला’. उनके ठेले पर मसाला चाय और इम्युनिटी चाय की कीमत 8 रुपये है, साउथ इंडियन कॉफी 15 रुपये में और नागपुरी तर्री पोहा 12 रुपये में। उन्होंने ठेले पर यह भी लिखवाया है, “वैसे तो मैं सॉफ्टवेयर इंजीनियर हूं. मैं कई कंपनियों जैसे विप्रो, बिजनेस इंटेलिजें, ट्रस्ट सॉफ्टवेयर में काम कर चुका हूं. जहां पैसे तो मिलते थे लेकिन सुकून नहीं. हर रोज मेरे टेबल पर चाय आती थी पर मुझे कभी बेहतरीन चाय नहीं मिली. मैं हमेशा से ही चाय का शौकीन रहा हूं. मैं चाहता था कि एक लाजवाब चाय पीने को मिले, तो मैंने चाय से ही अपने बिजनेस की छोटी सी शुरुआत की और मैं बन गया इंजीनियर चायवाला.” आजकल नौकरी मिलती नहीं है और ऊपर से कोरोना की मार। लाखों पढ़े लिखे नौजवान बेरोजगारी की मार झेल रहे है। ऐसे में कोई अच्छी भली नौकरी छोड़ कर चाय की रेहड़ी लगाने लगे तो आश्चर्य ही होगा। अंकित के हौसले को सलाम और उनको उज्जवल भविष्य के लिए शुभकामनाये। उनके लिए पेश है हौसला बढ़ाने वाली एक प्यारी कविता । कोशिश करने वालों की कभी हार नहीं होती

 

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Yash Chhabra

Love poetry. Started writing at the starlitecafe . Then moved into Surekha and settled at Facebook.
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Suresh Mandan
Suresh Mandan
1 year ago

बहुत बढ़िया यश जी हर काम की शरुआत तो करनी ही पड़ती है

Navneet Bakshi
Navneet Bakshi
1 year ago

कोशिश करने वालों की कभी हार नहीं होती । अच्छा विडियो है आप इस लिंक को अप्प लोड कर सकते हो जिस से कोई भी इसे क्लिक कर के यहीं देख सकता है । Procedure is quite simple. Since, I don’t have your Password I can’t do it for you. Let me give you the procedure and you can try it. If you find any difficulty then you can share your password with me and I will do it for you. Go to Dashboard and select your post from the list. It will open in Edit Mode. On top left corner there is a button named Add Media. Click on that. On the new page that opens now, select Insert from URL in the present case. In the new window that opens delete http:// that you find written by default in the window and add the above url of Youtube that you have shared. Then select Update from the column on the right side and after it Updates. Leave the page by Clicking on the Home Icon. Try it- It is not difficult.

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